अचानक पहुँचे अधिकारी, बंद हुई खिड़कियाँ: सरस्वती और अजगरहा स्कूलों में बीईओ का औचक निरीक्षण, ग्राउंड रिपोर्ट

 

ऋतुराज द्विवेदी,रीवा/भोपाल। माध्यमिक शिक्षा मंडल की परीक्षाओं के दूसरे दिन रीवा विकासखंड में प्रशासनिक मुस्तैदी चरम पर रही। परीक्षा की शुचिता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग का अमला सुबह से ही मैदान में उतर आया। विकासखंड शिक्षा अधिकारी (BEO) राम लल्लू दीपंकर के मार्गदर्शन में विशेष पैनल ने विभिन्न केंद्रों का औचक निरीक्षण किया, जिससे केंद्र प्रभारियों और नकलचियों में हड़कंप की स्थिति रही।

बीईओ पैनल की सक्रियता: तीन केंद्रों का औचक निरीक्षण 
परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अनुचित साधनों के प्रयोग को रोकने के लिए विभाग ने दो अलग-अलग निरीक्षण दलों का गठन किया था। इन दलों ने रीवा विकासखंड के तीन प्रमुख केंद्रों पर पहुंचकर व्यवस्थाओं को परखा:

  • सरस्वती उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, निराला नगर
  • शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, अजगरहा
  • अशासकीय दीप ज्योति विद्यालय

निरीक्षण दलों का गठन और नेतृत्व 

  • प्रथम दल: इस दल का नेतृत्व स्वयं विकासखंड शिक्षा अधिकारी राम लल्लू दीपंकर ने किया। उनके साथ टीम में संजय द्विवेदी और शारदा मिश्रा शामिल रहे। इस दल ने सरस्वती स्कूल निराला नगर और अजगरहा स्कूल में सघन जांच की।
  • द्वितीय दल: इस दल का नेतृत्व प्राचार्य मधु सिंह ने किया, जिनके साथ रामयश पाल और अरुण तिवारी मौजूद रहे। इस दल ने अशासकीय दीप ज्योति विद्यालय और आसपास के क्षेत्रों में परीक्षा संचालन की बारीकियों को देखा।

निरीक्षण के दौरान सुरक्षा और गोपनीयता पर जोर 
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने केवल ऊपर-ऊपर से व्यवस्थाएं नहीं देखीं, बल्कि गहराई से जाँच की। दलों ने निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया:

  • प्रश्नपत्र वितरण: प्रश्नपत्रों के पैकेट खोलने की प्रक्रिया और समय की जांच की गई।
  • उपस्थिति: कक्ष निरीक्षकों की समय पर उपस्थिति और उनके पास मोबाइल फोन न होने की पुष्टि की गई।
  • सुरक्षा इंतजाम: केंद्र के बाहर और भीतर सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों का जायजा लिया गया।
  • छात्रों की तलाशी: यह सुनिश्चित किया गया कि किसी भी छात्र के पास कोई आपत्तिजनक सामग्री न हो।

अधिकारियों के कड़े निर्देश 
बीईओ राम लल्लू दीपंकर ने केंद्राध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा की गोपनीयता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अनुशासन ही परीक्षा की सफलता की कुंजी है। निरीक्षण के अंत में अधिकारियों ने संतोष व्यक्त किया कि रीवा विकासखंड में द्वितीय दिवस की परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण, पारदर्शी और सुव्यवस्थित वातावरण में संपन्न हुई।