क्या रीवा में त्यौहार मनाना भी अब जानलेवा है? सरेआम युवक की पीट-पीटकर हत्या, अपराधियों में कानून का खौफ खत्म : 6 आरोपी पुलिस के कब्जे में
ऋतुराज द्विवेदी,रीवा/भोपाल। मध्यप्रदेश के रीवा जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। जहाँ एक तरफ पूरा देश होली के त्यौहार और फाग के गीतों में सराबोर था, वहीं पनवार थाना क्षेत्र के छतैनी गांव में नफरत की आग ने एक हंसते-खेलते युवक की जान ले ली। सोमवार रात प्रिंस सिंह उर्फ छोटू की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर निर्मम हत्या कर दी गई। मंगलवार सुबह जब गांव के रास्ते पर प्रिंस का लहूलुहान शव मिला, तो ग्रामीणों का कलेजा कांप उठा। घटना के बाद से ही पूरे इलाके में भारी आक्रोश और तनाव व्याप्त है।
वारदात का विवरण: खुशियों के बीच मौत का तांडव
मृतक प्रिंस सिंह सोमवार की रात अपने घर से दोस्तों के साथ होली के पारंपरिक 'फाग गायन' के लिए निकला था। उसे क्या पता था कि रास्ते में मौत उसका इंतजार कर रही है।
- विवाद की शुरुआत: रास्ते में कुछ युवकों के साथ प्रिंस का किसी बात को लेकर विवाद हुआ।
- जानलेवा हमला: विवाद इतना बढ़ा कि आरोपियों ने प्रिंस को घेर लिया और उस पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
- गंभीर चोटें: प्रिंस के सिर और शरीर पर गहरे घाव के निशान मिले हैं। अत्यधिक खून बहने और गंभीर चोटों के कारण उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
परिजनों का आरोप: "पुरानी रंजिश में साजिशन मार डाला मेरा बेटा"
मृतक के पिता ने गांव के ही कुछ दबंगों पर हत्या का सीधा आरोप मढ़ा है। पिता का कहना है कि यह अचानक हुआ विवाद नहीं बल्कि सोची-समझी साजिश थी।
"मेरे बेटे की किसी से कोई बड़ी दुश्मनी नहीं थी, लेकिन प्रवीण आदिवासी और उसके साथी पुरानी रंजिश को लेकर रार पाले हुए थे। उन्होंने मौका पाकर मेरे बेटे को घेरकर मार डाला।"
परिजनों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और उनके घरों पर बुलडोजर चलाने जैसी सख्त कार्यवाही की मांग की है।
वारदात की सूचना मिलते ही पनवार थाना प्रभारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुँचे। पुलिस ने शव को पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है।
त्वरित कार्रवाई: पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए गांव के ही 6 संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है, जिनसे गुप्त स्थान पर पूछताछ की जा रही है।
सुरक्षा व्यवस्था: गांव में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।
जांच का दावा: रीवा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि एफएसएल (FSL) टीम ने साक्ष्य जुटा लिए हैं और जल्द ही हत्या की असली वजह और मुख्य आरोपियों का खुलासा कर दिया जाएगा।