रीवा को मिलीं तेजतर्रार IAS अफसर: सृष्टि देशमुख गौड़ा बनीं रीवा जिला पंचायत की नई CEO, प्रशासनिक हलकों में मची खलबली

 
मध्य प्रदेश शासन की आईएएस प्रशासनिक फेरबदल सूची जारी, 2019 बैच की आईएएस अधिकारी सृष्टि देशमुख गौड़ा को रीवा जिला पंचायत सीईओ नियुक्त किया गया।

ऋतुराज द्विवेदी,रीवा/भोपाल। (राज्य ब्यूरो)  मध्य प्रदेश शासन द्वारा प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और गतिमान बनाने के उद्देश्य से भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों की नवीनतम स्थानांतरण सूची जारी की गई है। इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल के तहत रीवा जिले में भी एक महत्वपूर्ण नियुक्ति की गई है। वर्ष 2019 बैच की प्रतिभाशाली आईएएस अधिकारी सृष्टि देशमुख गौड़ा को रीवा जिला पंचायत का नया मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) नियुक्त किया गया है।

इस फेरबदल से जिला प्रशासन और ग्रामीण विकास विभाग के गलियारों में हलचल तेज हो गई है। शासन स्तर से जारी आदेश के बाद जल्द ही नवपदस्थ सीईओ रीवा पहुंचकर अपना पदभार ग्रहण करेंगी। रीवा जिला पंचायत में नए नेतृत्व के आने से ग्रामीण क्षेत्रों के विकास कार्यों को नई दिशा और गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

कौन हैं नवनियुक्त रीवा जिला पंचायत सीईओ सृष्टि देशमुख गौड़ा?
भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के वर्ष 2019 बैच की अधिकारी सृष्टि देशमुख गौड़ा की गिनती बेहद सख्त, लगनशील और परिणामोन्मुखी प्रशासनिक अफसरों में होती है। यूपीएससी (UPSC) सिविल सेवा परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रशासनिक सेवा में आई सृष्टि देशमुख गौड़ा ने अपने अब तक के कार्यकाल में विभिन्न प्रशासनिक पदों पर रहते हुए कई अभिनव पहलें की हैं।

प्रशासनिक अनुभव: राज्य प्रशासनिक सेवा में अपनी विभिन्न मैदानी और विभागीय पदस्थापनाओं के दौरान उन्होंने जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण, डिजिटलाइजेशन और जमीनी स्तर पर योजनाओं की मॉनिटरिंग पर विशेष बल दिया है।
कार्यशैली: उनकी पहचान एक त्वरित निर्णय लेने वाली और जमीनी हकीकत को समझकर नीतियां लागू करने वाली अफसर के रूप में है। रीवा जिले की कमान मिलने से जिले के प्रशासनिक तंत्र को उनके व्यापक अनुभवों का सीधा लाभ मिलेगा।

प्रशासनिक फेरबदल से जिले के विकास कार्यों में आएगी गति
रीवा जिला पंचायत सीईओ के पद पर हुआ यह बदलाव जिले के आधारभूत और सामाजिक विकास के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है। जिला पंचायत का मुख्य कार्यपालन अधिकारी सीधे तौर पर ग्रामीण अंचल के विकास, पंचायतों के काम-काज, बुनियादी ढांचे और जनकल्याणकारी योजनाओं की रीढ़ होता है।

विंध्य क्षेत्र का प्रमुख केंद्र होने के नाते रीवा जिले में ग्रामीण विकास की कई महत्वाकांक्षी परियोजनाएं प्रगति पर हैं। नवपदस्थ सीईओ के समक्ष चल रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने, निर्माण कार्यों की गति बढ़ाने और प्रशासनिक शिथिलता पर अंकुश लगाने की मुख्य चुनौती होगी। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों को उम्मीद है कि नई कार्ययोजनाओं के साथ जिले के विकास को नई ऊंचाई मिलेगी।

ग्रामीण विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं का क्रियान्वयन होगी प्राथमिकता
रीवा जिला पंचायत सीईओ के रूप में पदभार संभालने के बाद नवपदस्थ आईएएस अधिकारी सृष्टि देशमुख गौड़ा के सामने कई महत्वपूर्ण प्राथमिकताएं होंगी।

  • पीएम आवास व मनरेगा की मॉनिटरिंग: प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत योग्य हितग्राहियों को समय पर पक्के मकान दिलाना तथा मनरेगा के माध्यम से ग्रामीण मजदूरों को रोजगार उपलब्ध कराना प्राथमिक एजेंडे में शामिल रहेगा।
  • स्वच्छ भारत मिशन: जिले की ग्राम पंचायतों में स्वच्छता अभियानों, कचरा प्रबंधन और ओडीएफ प्लस (ODF Plus) मानकों के कड़ाई से पालन पर विशेष ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
  • जल जीवन मिशन: ग्रामीण परिवारों तक नल से शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए चल रही योजनाओं की नियमित समीक्षा और उनकी गुणवत्ता की जांच की जाएगी।
  • पारदर्शिता और शिकायत निवारण: पंचायती राज व्यवस्था में पारदर्शिता लाना और ग्रामीणों की शिकायतों का समयबद्ध व संतोषजनक समाधान करना शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।