रीवा: समान थाना क्षेत्र दीप ज्योति स्कूल के पास देर रात पुलिस और युवती के बीच भिड़ंत, क्या था विवाद का कारण? सस्पेंस बरकरार

 

ऋतुराज द्विवेदी,रीवा/भोपाल। शहर के समान थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने पुलिस प्रशासन और आम जनता के बीच के संवाद पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। देर रात जब पूरा शहर सो रहा था, तब दीप ज्योति स्कूल के पास की सड़कें एक तीखी बहस की गवाह बनीं। यह विवाद किसी आम नागरिक के बीच नहीं, बल्कि कानून के रखवाले और एक युवती के बीच था।

देर रात सड़क पर तीखी नोकझोंक: रात 1:15 बजे का वाकया 
घटना सोमवार-मंगलवार की दरमियानी रात करीब 1:15 बजे की बताई जा रही है। समान थाना क्षेत्र में स्थित दीप ज्योति स्कूल के पास डायल 112 की एक गाड़ी तैनात थी। अचानक वहां एक युवती और ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मी के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि युवती चिल्ला-चिल्लाकर अपनी नाराजगी जाहिर करने लगी। सन्नाटे को चीरती इन आवाजों को सुनकर आसपास से गुजर रहे राहगीर और स्थानीय लोग मौके पर एकत्र हो गए।

राहगीर ने बनाया वीडियो: सोशल मीडिया पर तहलका 
जब यह हाई-वोल्टेज ड्रामा चल रहा था, तब वहां से गुजर रहे एक राहगीर ने अपने मोबाइल के कैमरे में इस पूरे दृश्य को कैद कर लिया। वायरल हो रहे वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि युवती पुलिसकर्मी पर बेहद आक्रोशित है। पुलिसकर्मी भी मौके पर खड़ा होकर युवती को समझाने या अपना पक्ष रखने की कोशिश कर रहा है। वीडियो के सामने आने के बाद से ही शहर के व्हाट्सएप ग्रुप्स और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बहस छिड़ गई है।

विवाद की असली वजह अब भी पहेली 
हैरानी की बात यह है कि इतनी देर तक चले इस हंगामे के पीछे की ठोस वजह अब तक सामने नहीं आ सकी है। युवती पुलिसकर्मी पर क्यों चिल्ला रही थी या पुलिसकर्मी ने ऐसा क्या कहा जिससे युवती इतनी नाराज हो गई, यह अभी भी सस्पेंस बना हुआ है। मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि बहस काफी व्यक्तिगत और तीखी थी, लेकिन शुरुआत किस बात से हुई, यह कोई नहीं जानता।

पुलिस विभाग की चुप्पी और जनता के सवाल 
घटना के 3 घंटे बीत जाने के बाद भी समान थाना पुलिस या वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। न तो पुलिस विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि क्या युवती ने कोई शिकायत दर्ज कराई है, और न ही पुलिसकर्मी की ओर से कोई स्पष्टीकरण आया है। विभाग की यह चुप्पी कई तरह के कयासों को जन्म दे रही है।

क्या यह विवाद किसी जांच को लेकर था या पुलिसकर्मी के व्यवहार को लेकर? यह सवाल अब भी रीवा की जनता के जेहन में है।