REWA : कोरोना वायरस से सावधानी एवं सतर्कता से करें बचाव - कमिश्नर


कोरोना वायरस की रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए रीवा संभाग में हर संभव एतिहात एवं सावधानी, सतर्कता और जागरूकता के प्रयास किये जा रहे हैं। कमिश्नर रीवा संभाग डॉ. अशोक कुमार भार्गव ने संभाग के समस्त जिलों के कलेक्टरों को निर्देश दिये हैं कि वे समय-समय पर जिला चिकित्सालय में जाकर आइसोलेशन वार्ड का निरीक्षण तत्परता के साथ करें। जिले में धारा 144 आदेश लागू कर अनावश्यक भीड़-भाड़ को नियंत्रित करें। धरना, रैली एवं प्रदर्शन की अनुमति न दी जाय। अत्यावश्यक सेवाओं को छोड़कर शॉपिंग मॉल, बाजार को बंद करायें। मेडिकल स्टोर, किराने की दुकान एवं सब्जी की दुकानें छोड़कर शेष दुकानों को आवश्यक रूप से बंद करायें।

कमिश्नर डॉ. भार्गव ने कहा कि कोरोना वायरस सिर्फ वायरस नहीं बल्कि वायरस का समूह है। जो संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छीकने, लार एवं थूकने से दूसरा व्यक्ति भी संक्रमित हो सकता है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस को खत्म करने का टीका या दवा उपलब्ध नहीं है। इससे सतर्कता, जागरूकता एवं सावधानी से ही अपना बचाव किया जा सकता है। इसलिए सभी नागरिकों से अपील है कि वे अनावश्यक रूप से यात्रायें न करें, अपने घर में ही रहें। अपने हॉथों को बार-बार साबुन से धोएं अपने हाथों से अपने मुह या आँखों को स्पर्श न करें। जमीन में पड़ी वस्तुओं को स्पर्श न करें। खांसते एवं छीकते समय मुह में रूमाल या टीशू पेपर रखें यदि टीशू पेपर नहीं है तो कोहनी का उपयोग करें। टीशू पेपर का इस्तेमाल कर डस्टबिन में डाल दें। खुद स्वस्थ्य रहें तथा दूसरों को भी प्रेरित एवं प्रोत्साहित करें। इस संबंध में प्रधानमंत्री जी द्वारा 22 मार्च को सुबह 7 बजे से रात्रि 9 बजे तक इस संबंध में जनता के लिए जनता द्वारा लगाये गये कफ्र्यू का पालन करें तथा शाम 5 बजे कोरोना समाप्त करने के लिए तैनात स्वास्थ्य कर्मी, चिकित्सकों, नर्सो तथा प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से काम कर रहे लोगों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए खिड़की या अपने बरामदे में खड़े होकर थाली पीटकर या ताली बजाकर कृतज्ञता व्यक्त करें। साथ ही आवश्यक वस्तुओं के अनावश्यक संग्रहण से बचें। दहशत एवं भय के वातावरण से परहेज करें तथा कोरोना वायरस का पूरे हिम्मत, संकल्प एवं साहस के साथ लड़े। कोरोना वायरस के जंग के विरूद्ध विजय हासिल करें।

बल्र्ड हेल्थ अर्गनाईजेशन द्वारा कोरोना वायरस को विश्वव्यापी महामारी घोषित किया गया है। विश्व के 170 देशों में कोरोना वायरस का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। कई लोगों द्वारा संक्रमण के संबंध में भ्रातियां और अफवाहें फैलाई जा रहीं हैं जिससे हम सबको सावधान एवं सतर्क रहने की आवश्यकता है। कोरोना वायरस पालतू जानवरों एवं मच्छरों के काटने से या तापमान से बढ़ने से कम होता है ऐसे कोई प्रमाण नहीं है। लहसुन या निमोनिया के टीके से या नाक को नियमित सलाइन से साफ करने से वायरस को मारा जा सकता है इसका कोई प्रमाण नही है। उन्होंने कहा कि हर जुकाम, सर्दी एवं खांसी कोरोना का लक्षण हो यह जरूरी नहीं। सर्दी, खांसी, बुखार आने पर चिकित्सक से सलाह अवश्य लेना चाहिए। सार्वजनिक स्थलों पर, भीड़-भाड़ स्थलों पर, जाना जरूरी हो तो अपने नाक, मुह को ढ़ककर रखें ताकि संक्रमण न होने पाये। उन्होंने कहा कि सोशल डिस्टेंडिंग को बढ़ावा दें एक दूसरे के संपर्क में न आये।

कमिश्नर डॉ. भार्गव ने संभाग के समस्त कलेक्टरों को निर्देश दिये हैं कि वह सुनिश्चित करें कि समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी अपने मुख्यालय में ही रहे। सक्षम अधिकारी द्वारा अवकाश स्वीकृत करने के बाद ही मुख्यालय छोड़े। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस जिनकी प्रतिरोधक क्षमता कम है। जिनकी उम्र 60 से अधिक है, ऐसे व्यक्ति जो गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं या 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को प्रभावित करता है अत: घर से न निकले विशेषकर वरिष्ठ नागरिक घर से न निकले। मध्यप्रदेश शासन एवं भारत सरकार के परिवार कल्याण एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी निर्देशों का पालन सुनिश्ति किया जाय। कमिश्नर ने नगरीय निकाय एवं नगर पालिक निगम के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे कोरोना वायरस को नियंत्रित करने के लिए शहर एवं नगर में नियमित रूप से साफ-सफाई करायें। प्रचार-प्रसार माध्यमों से नागरिकों सावधान एवं जागरूक किया जाय। उन्होंने कहा कि जो लोग विदेश यात्रा कर लौटे हैं वे अपनी पहचान छुपाने के लिए अस्पताल में अपना परीक्षण नहीं कराते इससे संक्रमण बढ़ने की संभावना बढ़ जाती है। इसलिए सभी पब्लिक हेल्थ इमर्जेंसी एक्ट के तहत उनके विरूद्ध पुलिस में एफआईआर दर्ज कराने के साथ ही अस्पताल में बाधित रूप से आइसोलेशन वार्ड में इलाज भी कराया जायेगा। किसी भी व्यक्ति को सूचना या जानकारी मिलती है, उनके आसपास कालोनियों, मोहल्ले में यदि विदेश से आये व्यक्तियों की जानकारी मिलती है तो वे जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, पुलिस नियंत्रण कक्ष एवं 1075 पर सूचित करें।

कमिश्नर डॉ. भार्गव ने बताया कि संभाग में अब तक विदेशों से आये 62 व्यक्तियों की प्रोटोकॉल अनुसार जांच करवायी गयी है। सभी की निगेटिव जांच आयी है। मेडिकल अस्पताल एवं जिला अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड तथा आईसीयू वार्ड बनाये गये हैं। दवाई की कोई कमी नहीं है। इस बीमारी से घबराये नहीं बल्कि सावधान एवं सचेत रहे। उन्होंने निर्देश दिये कि संभाग में आने वाले समस्त हाइवे में बसों एवं अन्य वाहनों से आने वाले यात्रियों के स्वास्थ्य की जांच अनिवार्य रूप से की जाय विशिष्ट प्रारूप में उनका नाम, पता तथा जिसके यहां वो जा रहे हैं उसका नाम पता नोट कर यदि आवश्यक हो तो उन्हें हिदायत दी जाय। शहरी क्षेत्र में समस्त परिवहन साधनों में उपयोग आने वाले बसों, ऑटो में एक यात्री को एक ही सीट में बैठाया जाय। यात्री वाहन में क्षमता से अधिक यात्री बैठाने पर बस मालिक एवं परिचालक के विरूद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी।

कमिश्नर डॉ. भार्गव ने कहा कि कोरोना वायरस को लेकर सोशल मीडिया एवं अन्य प्रचार माध्यमों में अफवाह फैलाने पर संबंधित के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही कर एफआईआर दर्ज की जायेगी।
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