MP के राज्यपाल लालजी टंडन का लखनऊ में निधन : CM ने किया 5 दिन के राजकीय शोक का ऐलान


लखनऊ, भोपाल। मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन का लखनऊ के मेदांता अस्पताल में सुबह 5.35 बजे निधन हो गया। वे 85 वर्ष के थे और उन्हें 11 जून को स्वास्थ खराब होने के बाद अस्पताल में भर्ती करवाया गया था, तभी से वे अस्पताल में भर्ती थे। उनका पार्थिव शरीर त्रिलोकनाथ रोड स्थित सरकारी बंगले पर जाएगा। दोपहर 12 बजे पार्थिव शरीर को चौक स्थित आवास सोंधी टोला ले जाया जाएगा। शाम 4:30 बजे गोमती तट गुलाला घाट पर लालजी टंडन को अंतिम विदाई दी जाएगी। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री सीए शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। भोपाल में हुई कैबिनेट की बैठक में सीएम सहित सभी मंत्रियों ने कैबिनेट की राज्यपाल को श्रद्धांजलि दी और प्रदेश में 5 दिन के राजकीय शोक की घोषणा की। इसके बाद उनेक सम्मान में आज शासकीय कार्यालय बंद रखने की घोषणा की।सीएम शिवराज और मध्य प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा आज लालजी टंडन को श्रद्धांजलि अर्पित करने लखनऊ जाएंगे। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी लखनऊ आएंगे और चौक स्थित आवास पर पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।

मध्य प्रदेश कैबिनेट मीटिंग में दी गई श्रद्धांजलि

उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने लालजी टंडन के निधन पर दुख जताते हुए कहा कि देश ने एक लोकप्रिय जन नेता, योग्य प्रशासक एवं प्रखर समाज सेवी को खोया है, वो लखनऊ के प्राण थे। उन्होंने लालजी टंडन के निधन पर 3 दिन का राजकीय शोक की घोषणा की है।
जांच के दौरान सामने आई थी लिवर में परेशानी
जानकारी के मुताबिक 11 जून को बुखार होने पर परिजनों ने उन्हें लखनऊ के मेदांता हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। शुरुआती पड़ताल में डॉक्टरों को पेशाब में संक्रमण का पता चलने पर इलाज शुरू किया। जांच के दौरान राज्यपाल के लिवर में दिक्कत पाए जाने पर सीटी गाइडेड प्रोसीजर किया गया। इस दौरान पेट में रक्त का स्राव बढ़ गया, जिसके चलते उनका इमरजेंसी में ऑपरेशन किया गया था।

लालजी टंडन के बेटे आशुतोष टंडन ने सुबह ट्वीट कर उनके निधन की जानकारी दी
हाल ही में उनके किडनी के साथ-साथ लिवर का फंक्शन भी गड़बड़ा गया था। उनका इलाज आइसीयू में चल रहा था। 13 जून को उनका ऑपरेशन किया गया था। हालत गंभीर होने पर उन्हें वेंटिलेटर पर शिफ्ट किया गया। बीच में दो दिन बाई-पैप मशीन पर रहे। हालत में सुधार न होता देख दोबारा वेंटिलेटर पर शिफ्ट किया गया। अस्पताल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. राकेश कपूर के मुताबिक लालजी टंडन का किडनी फंक्शन पहले से गड़बड़ा गया था। ऐसे में डायलिसिस करनी पड़ रही थी। वहीं, अब लिवर का फंक्शन भी गड़बड़ हो गया था। गौरतबल है कि मई 2004 में मध्य प्रदेश में राज्यपाल रहते हुए रामप्रकाश गुप्त का भी निधन हुआ था। वे भी लखनऊ के निवासी थे।



राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन के निधन पर श्रद्धांजलि दी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी लालजी टंडन को श्रद्धांजलि
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ट्वीट कर लिखा, भाजपा के वरिष्ठ नेता और मध्य प्रदेश के राज्यपाल श्री लालजी टंडन जी के निधन से अत्यंत दुःखी हूं। टंडन जी का पूरा जीवन जनसेवा को समर्पित रहा, उन्होंने उत्तर प्रदेश में संगठन के विस्तार में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एक जनसेवक के रूप में श्री लालजी टंडन जी ने भारतीय राजनीति पर अपनी गहरी छाप छोड़ी है। उनका निधन देश और भाजपा के लिए एक अपूरणीय क्षति है। ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना करता हूं एवं उनके परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट करता हूं। ॐ शांति शांति शांति।
उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने दी श्रद्धांजलि
उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन के निधन पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अपने शोक संदेश में कहा है कि लालजी टण्डन शालीन, मृदुभाषी एवं जमीन से जुड़े हुए व्यक्ति थे। उन्हें राजनीति का लंब अनुभव था। पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की लखनऊ सीट से चुनाव जीतकर सांसद बने तथा लखनऊ में उन्होंने अनेक विकास कार्यों को कराया। राज्यपाल ने कहा कि टंडन के निधन से एक अपूरर्णीय क्षति हुई है। राज्यपाल ने दिवंगत आत्मा को सद्गति प्रदान करने की कामना करते हुये दुःखी परिजनों के प्रति हार्दिक संवेदना व्यक्त की है।
उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष ने दी श्रद्धांजलि
उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने मध्य प्रदेश के राज्यपाल एवं उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ राजनेता लालजी टंडन के निधन का दुखद समाचार जानकर दुखी हैं। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि टंडन जी के साथ लंबे समय तक काम करने का अवसर प्राप्त हुआ उनका लंबा सार्वजनिक जीवन जनता की सेवा में समर्पित रहा है और उन्होंने अपने काम से एक अलग छाप छोड़ी है। स्वभाव से बेहद मिलनसार टंडन कार्यकर्ताओं के बीच भी बेहद लोकप्रिय थे। विभिन्न पदों पर रहते हुए उन्होंने जो विकास कार्य कराए उसकी सराहना आज भी लखनऊ और उत्तर प्रदेश के लोग करते हैं। अभी हाल ही में उत्तर प्रदेश की विधानसभा ने सीपीए इंडिया रीजन की बैठक संपन्न कराया है, जिसमें मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन विशिष्ट अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए थे। सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि सत्ता का काम सरकार चलाना होता है। उसी तरह विपक्ष को अपनी बात कहने का पूरा हक है, लेकिन दोनों पक्षों को बोलने के दौरान लक्ष्मण रेखा पार नहीं करनी चाहिए। यही सच्चे लोकतंत्र की पहचान है। आलोचना होनी चाहिए पर आचरण का भी ख्याल रखा जाना चाहिए। दीक्षित ने ईश्वर से प्रार्थना है कि है कि वह दिवंगत आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें व शोक संतप्त परिवार को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
छत्तीसगढ़ की राज्यपाल अनुसुइया उइके ने दी श्रद्धांजलि
मध्य प्रदेश विधानसभा के प्रोटेम स्पीकर रामेश्वर शर्मा ने ट्वीट कर लिखा, मध्य प्रदेश के महामहिम राज्यपाल आदरणीय लालजी टंडन जी के निधन का दुःखद समाचार मिला। ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दे एवं शोकाकुल परिवार को इस दुःख को सहने की शक्ति दे।
मध्य प्रदेश के कांग्रेस नेता अरुण यादव ने राज्यपाल लालजी टंडन के निधन पर ट्वीट कर श्रद्धांजलि दी और ईश्वर से दिवंगत आत्मा को शांति और उनके परिवार को इस आघात को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री जीतू पटवारी ने श्रद्धांजलि देते हुए कहा, मध्य प्रदेश के राज्यपाल श्री लालजी टण्डन जी के निधन का समाचार दुःखद है। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि दिवंगत आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान प्रदान करें एवं परिजनों को यह वज्रपात सहन करने की शक्ति दें..।


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