REWA : बनकुंइया, त्योथर, हनुमना बेल्ट में खनन कारोबारियों ने नियम-कायदे की अनदेखी : किसानों की उम्मीदों पर जम रही धूल : हकीकत से प्रशासन बेखबर

रीवा. खनिज अमला विशेष अभियान के दौरान अवैध परिवहन के खिलाफ कार्रवाई की लकीर प्रदेशभर में सबसे बड़ी खींचकर भले ही पीठ थपथपा रहा हो। लेकिन, फील्ड में कार्रवाई की हीकीकत से जुदा है। जिला मुख्यालय से लेकर बनकुंइया, त्योथर, हनुमना बेल्ट में खनन कारोबारियों ने नियम-कायदे की अनदेखी कर गहरी खदानें लगा दी है। इतना ही नहीं सरकारी गैर सरकारी जमीनों पर अधिग्रकृत लीज से हटकर गहरी खदानों में असुरक्षित विस्फोट कर रहे हैं। खदानों में अव्यवस्थित विस्फोट के चलते अन्नदाता की खेती चौपट हो रही है।

कारोबारी ने 60 फीट खोदी गहरी खदान

जिले के त्योथर तहसील के महेवा में वंदना चौरसिया की चार खदानें स्वीकृत हैं। जिसमें दो निजी व शेष सरकारी भूमि पर लीज स्वीकृत हंै। नियम-कायदे की अनदेखी कर 60 फीट गहरी खदान खोदी दी है। महेवा में सरकारी जमीन में खदान के पड़ोस में किसान अरविंद और रावेन्द्र खेती करते हैं। किसानों ने कई बार खदान संचालक को सूचना दी कि विस्फोट और खनन के दौरान खेत में करीब पचास मीटर एरिया में पत्थर के टुकड़े फैल गए हैं। इसके अलावा विस्फोट के लिए ।।।।। मशीन का उपयोग किए जाने पर चंहुओर डस्ट उड़ रहा है। जिससे आस-पास के खेतों में डस्ट की लेयर जम रही है।

भोपाल से बिना परमीशन खोद दी गहरी खदान

जिस पहाड़ पर खनिज नियम-कायदे की अनुदेखी कर में. वंदना चौरसिया ने लगभग 60 फीट गहरी खदान खोद दिया है। उसकी अभी तक परमीशन तक नहीं ली है। खनिज में नियम है कि सामान्य खदानों में अधिकतम छह मीटर यानी करीब बीस फीट तक खनन कर सकेत हैं। इससे अधिक खोदने के लिए डीजीएमएस के तहत भोपाल से परमीशन लेनी होती है। लेकिन, बिना परमीशन लिए गहरी खदानें खोद दिया है।

किसानों ने 50 मीटर दूर खोदने की उठाई मांग

महेवा में खनन से प्रभावित किसानों ने खेत से करीब 50 मीटर दूर खदान खोदने की मांग उठाई है। किसानों ने बताया कि खेत में वर्तमान समय में गेहूं, चना व सरसो की खेती की गई है। खेत से दूर खाली एरिया में खदान संचालित करें। जिससे फसल नष्ट नहीं हो। ये कहानी अकेले महेवा में नहीं बल्कि जिले में बेला, बनकुंइया, सेमरिया, त्योथर, हनुमना, मऊगंज आदि एरिया में खनन हो रहा है। आस-पास किसानों की खेती चौपट हो रही है।

वर्जन.

महेवा में वंदना चौरसिया की चार खदानें हैं। गहरी खदान खोदन के लिए डीएजीएमएस से परमिशन लेनी होती है। अगर ऐसा है तो जांच कर नियमानुसार कार्रवाई होगी।

रत्नेश दीक्षित, जिला खनिज अधिकारी

Powered by Blogger.