REWA : भ्रष्टाचारी शिक्षक को 4 साल की सुनाई सश्रम कारावास सजा : 5 साल पहले 7 हजार की रिश्वत लेते हुए था ट्रैप

ख़बरों के बेहतर एक्सपीरिएंस के लिए डाउनलोड करें Rewa News Media ऐप, क्लिक करें

रीवा के विशेष न्यायालय ने भ्रष्टाचारी शिक्षक को 4 साल के कैद की सजा सुनाई है। लोकायुक्त सूत्रों ने बताया कि 5 साल पहले 7 हजार की रिश्वत लेते हुए शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-एक में पदस्थ शिक्षक को ट्रैप किया गया था। लोकायुक्त द्वारा रंगे हाथ पकड़े गए शिक्षक के मामले का ट्रायल चल रहा था।

शनिवार को रीवा विशेष न्यायालय ने इस मामले में फैसला सुनाते हुए धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 में 3 वर्ष का सश्रम कारावास व दो हजार का अर्थदंड तथा धारा 13(1) डी सहपठित 13 (2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 में 4 वर्ष का सश्रम कारावास व दो हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है।

बता दें कि शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-एक में पदस्थ शिक्षक मो. नजीर खान जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के नोडल अधिकारी भी थे। आफताब आलम की शिकायत पर उन्हें 12 अप्रैल 2016 को 7 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा गया था।

यह रकम वक्फ अंजुमन इस्मालिया शिक्षण संस्थान की अनुदान राशि के भुगतान को लेकर मांगी गई थी। रिश्वत की रकम न देने पर शिक्षक मो. नजीर खान द्वारा परेशान किया जा रहा था। ऐसे में ​​पीड़ित ने रीवा लोकायुक्त एसपी के पास शिकायत लेकर पहुंचा था।

लोकायुक्त एसपी ने गोपनीय जांच कराई तो फरियादी की शिकायत सही पाई गई थी। ऐसे में 20 सदस्यीय लोकायुक्त की टीम ने कार्यालय में दबिश देकर आरोपी शिक्षक को रकम के साथ धर दबोचा।

इसके बाद लोकायुक्त द्वारा आईपीसी की धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम का चालान कोर्ट में प्रस्तुत किया। जहां ट्रायल पूरा होने के बाद 30 अक्टूबर को रीवा विशेष न्यायालय ने शिक्षक मो नजीर खान को 4 वर्ष का सश्रम कारावास व 4000 रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है।

Powered by Blogger.