GOOD NEWS : उज्जैन-फतेहाबाद विद्युतीकृत रेल लाइन शुरू, 28 किमी लंबे रेल मार्ग पर यात्री ट्रेन चलने की तारीख तय : PM नरेंद्र मोदी 15 नवंबर को करेंगे लोकार्पण

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रतलाम. करीब 8 वर्ष के लंबे इंतजार के बाद उज्जैन-फतेहाबाद के 28 किमी लंबे रेल मार्ग पर यात्री ट्रेन चलने की तारीख तय हो गई है। रेलवे ने इसकी तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 15 नवंबर को 245 करोड़ रुपए की लागत से तैयार इस रेल लाइन को राष्ट्र को लोकर्पित करेंगे। पश्चिम रेलवे ने उज्जैन-फतेहाबाद विद्युतीकृत रेल लाइन शुरू करने की तैयारी कर ली है। इस सेक्शन में बिछाई गई बड़ी लाइन का उद्घाटन 15 नवंबर को किया जाएगा।

पहले आयोजन में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को उज्जैन बुलाने के प्रयास हो रहे थे, लेकिन व्यस्तताओं के कारण उनका आना संभव नहीं हो पाया, अब वर्चुअल तरीके से जुड़कर प्रधानमंत्री मोदी उज्जैन-फतेहाबाद रेल लाइन की शुरुआत करेंगे। उज्जैन-फतेहाबाद आमान परिवर्तन पर रेलवे ने 245 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि खर्च की है।

उच्च पदस्थ आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि रेल लाइन का उद्घाटन भोपाल हबीबगंज स्टेशन के लोकार्पण के साथ ही प्रधानमंत्री मोदी के हाथ होगा। इनके साथ रेल मंत्री अश्विीन वैष्णव, भोपाल सांसद प्रज्ञा ठाकुर, उज्जैन सांसद अनिल फिरोजिया, इंदौर सांसद शंकर लालवानी आदि रहेंगे।

एक साथ चलेगी दो मेमू ट्रेन

बता दे कि रतलाम डीआरएम विनीत गुप्ता करीब एक सप्ताह पूर्व भोपाल सांसद ठाकुर से मिले थे। लगभग 22 किलोमीटर लंबी उज्जैन-फतेहाबाद छोटी रेल लाइन को 2014 में बंद कर दिया गया था।रतलाम रेल मंडल के अधिकारियों ने बताया कि इंदौर और उज्जैन में रेल लाइन के उद्घाटन आयोजन के लिए एक साथ दो मेमू ट्रेन तैयार की जा रही हैं। इसके पूर्व महू-प्रयागराज के बीच चलने वाली ट्रेन को फतेहाबाद-उज्जैन रूट से चलाया जाएगा। इसके अलावा काशी महाकाल एक्सप्रेस का संचालन भी फतेहाबाद-उज्जैन होकर ही किया जाएगा।

इसलिए महत्वपूर्ण है यह रेल लाइन

इंदौर के लिहाज से यह रेल लाइन इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि उज्जैन आने-जाने वालों के लिए वैकल्पिक छोटा रेल मार्ग उपलब्ध कराएगी। अभी इंदौर से देवास होकर उज्जैन की दूरी 79 किलोमीटर है, जबकि फतेहाबाद होकर उज्जैन की दूरी करीब 63 किमी ही है। इस तरह यह 16 किमी का सफर बचाने वाला रेल मार्ग होगा।

इस रेल लाइन का एक और फायदा यह भी है कि जो ट्रेन इंदौर से देवास, उज्जैन होकर मक्सी, गुना और भोपाल की तरफ आती-जाती हैं, उनके इंजन की दिशा उज्जैन में बदलनी पड़ती है। फतेहाबाद-उज्जैन रेल लाइन इस झंझट को खत्म करेगी। इससे कम से कम 10 मिनट का समय बचेगा।

उज्जैन-फतेहाबाद के बीच मार्च-21 में मालगाडयि़ों का संचालन शुरू हो गया था और जुलाई-21 में इस रूट पर यात्री ट्रेन चलाने की अनुमति भी मिल गई।

पीएम करेंगे लोकार्पण

मंडल रेल प्रबंधक विनीत गुप्ता कहते हैं कि 15 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उज्जैन फतेहाबाद रेल लाइन का राष्ट्र को लोकार्पण करेंगे। इसके लिए आयोजन को अंतिम रुप दिया जा रहा है।

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