"शर्मनाक! कांग्रेस विधायक बरैया का विवादित बयान- 'खूबसूरत लड़कियों को देख बिगड़ता है दिमाग', रीवा में फूंका गया पुतला!"
ऋतुराज द्विवेदी,रीवा/भोपाल। (राज्य ब्यूरो) मध्य प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर जुबानी जंग ने मर्यादाओं की सीमा लांघ दी है। भांडेर विधानसभा से कांग्रेस विधायक और दलित नेता फूल सिंह बरैया द्वारा महिलाओं और बेटियों को लेकर दिए गए एक अत्यंत आपत्तिजनक और संवेदनहीन बयान ने पूरे प्रदेश में उबाल ला दिया है। इस बयान के विरोध में रीवा के सिरमौर चौराहे पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए विधायक का पुतला दहन किया।
क्या था विवादित बयान?
कांग्रेस विधायक फूल सिंह बरैया ने एक सार्वजनिक मंच से टिप्पणी करते हुए कहा कि "खूबसूरत लड़कियों को देखकर दिमाग विचलित हो सकता है, जिससे रेप जैसी घटनाएं घटित होती हैं।" इतना ही नहीं, उन्होंने एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग की महिलाओं को लेकर भी ऐसी टिप्पणियां कीं जिन्हें समाज के हर वर्ग ने अपमानजनक माना है। उनके इस बयान को बलात्कार जैसी जघन्य घटनाओं को तर्कसंगत ठहराने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
रीवा में भाजपा का तीखा विरोध
विधायक के इस बयान की खबर फैलते ही रीवा में भाजपा जिला अध्यक्ष वीरेन्द्र गुप्ता के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस और फूल सिंह बरैया के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
- पुतला दहन: सिरमौर चौराहे पर विधायक का पुतला जलाकर अपना रोष व्यक्त किया गया।
- बर्खास्तगी की मांग: भाजपा जिला अध्यक्ष ने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व (सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी) से सवाल किया कि "लड़की हूँ, लड़ सकती हूँ" का नारा देने वाली पार्टी अपने विधायक की इस "विकृत मानसिकता" पर खामोश क्यों है? उन्होंने बरैया को तत्काल पार्टी से बर्खास्त करने की मांग की।
समाज में 'जहर' घोलने का आरोप
भाजपा नेताओं का कहना है कि फूल सिंह बरैया का यह बयान न केवल महिलाओं का अपमान है, बल्कि यह समाज के विभिन्न वर्गों के बीच नफरत फैलाने की एक साजिश है। जिला अध्यक्ष वीरेन्द्र गुप्ता ने कहा, "कांग्रेस की मानसिकता हमेशा से नारी विरोधी रही है। एक जिम्मेदार पद पर बैठा व्यक्ति अगर इस तरह की भाषा का प्रयोग करता है, तो यह स्पष्ट है कि उनके मन में देश की बेटियों और दलित समाज की महिलाओं के प्रति कितनी नफरत भरी है।"
सियासी गलियारों में हड़कंप
इस बयान ने मध्य प्रदेश की सियासत में भूचाल ला दिया है। जहां भाजपा इसे चुनावी मुद्दा बनाकर कांग्रेस को घेर रही है, वहीं आम जनता में भी इस असंवेदनशील टिप्पणी को लेकर भारी नाराजगी देखी जा रही है। सामाजिक संगठनों ने भी चेतावनी दी है कि यदि विधायक ने सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगी और कांग्रेस ने उन पर कार्रवाई नहीं की, तो यह आंदोलन और उग्र होगा।
मुख्य बिंदु:
- विरोध स्थल: सिरमौर चौराहा, रीवा।
- मुख्य मांग: विधायक फूल सिंह बरैया की सदस्यता रद्द करना और सार्वजनिक माफी।
- आरोप: महिलाओं के प्रति अपमानजनक सोच और समाज में भेदभाव पैदा करना।