MP : कोरोना संक्रमण से बचने के लिए गार्डन में उगाई सब्जियों का कर रहे घर में उपयोग, नहीं जा रहे बाजार

ख़बरों के बेहतर एक्सपीरिएंस के लिए डाउनलोड करें Rewa News Media ऐप, क्लिक करें

ग्वालियर। कोरोना संक्रमण से बचने के लिए इन दिनों लोग सारा दिन घर में ही बिता रहे हैं। साथ ही सब्जियों की खरीदारी के लिए घर से बाहर न जाना पड़े, इसलिए किचन गार्डन में उगाई सब्जियों का सेवन कर रहे हैं। वहीं परिवार के साथ अपने गार्डन में बैठकर प्रकृति के बीच समय गुजार रहे हैं। अपनी मेहनत से ऊगाई सब्जियों का स्वाद कुछ हटकर ही होता है, क्योंकि खेत में किसान अपनी फसल को अच्छा करने के लिए कई तरह तरीके अपनाते हैं जो सेहत के लिए हानिकारक भी साबित होते हैं। कई बार सुनने में आता है कि खेत में स्वच्छ पानी का उपयोग नहीं किया जा रहा हैं। इन दिनों सेहत का अधिक ध्यान रखना है। इसलिए शहरवासी किचन गार्डन में उगाई सब्जियों का ही उपयोग कर रहे हैं।

CM शिवराज का स्वास्थ्य कर्मियों को सम्बोधन; कहा -परिवार को मिलेगी 50 लाख की सम्मान निधि : देखरेख भी शासन की जिम्मेदारी

अपने गार्डन को देती हूं आठ घंटे का समयः नीतू बंसल ने बताया कि उनके किचन गार्डन में इन दिनों करेला, बैगन, पालक, टिंडे, कद्दू, तोरई, पुदीना, हरीमिर्च, शिमला मिर्च, प्याज, खरबूजा आदि हो रही है। कोरोना कर्फ्यू के चलते सभी घर में हैं, तो मेरे पति भी किचन गार्डन की देखभाल कराते हैं। हमारा ज्यादा से ज्यादा समय अपने गार्डन में बीत रहा है, क्योंकि बाग में जैसे पौधे फल देने लगते है। मन झूम उठता है। इससे मन में एक उमंग सी बनी रहती है।

भोपाल में 10 मई की सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन! : MP-UP के बीच बस सेवा 7 मई तक बंद

गार्डन में चार सौ सब्जियों के पौधे लगे हैंः अल्पना मेहता बताती हैं कि हमें मंडी में जाकर सब्जियां लेने की आवश्यकता नहीं होती है। मेरे गार्डन में चार सौ प्रकार की सब्जियां हो रही है। इसलिए मेरे परिवार को बाजार का रुख नहीं करना होता है। मेरा पूरा समय उनकी देखभाल में ही गुजरता है, जो मेरे मन को काफी स्वस्थ रखता है। खीरा, ककड़ी, पालक, पुदीना, पिपरमेंट, धनिया, टिंडे, लौकी, तोरई, प्याज, तरबूज आदि सब्जियां हो रही है, लेकिन जब तक स्वयं पौधों को पानी नहीं देती, मुझे संतुष्टि नहीं मिलती है।

शटर गिराकर लालच की ग्राहकी ; कोरोना संक्रमण को लगातार बढ़ते देख कर भी दुकान के अंदर आठ से दस लोगों को घुसाकर कर रहे कारोबार

गार्डन ही सबकुछ है मेरे लिएः सारिका शर्मा बताती हैं कि कोरोना से पहले भी सब्जियां बाजार से लाती थीं। किचिन गार्डन का फायदा मेरे परिवार को अब मिल रहा है। पूरा दिन घर में ही बीत जाता है, मेरे जो बच्चे बाहर पढ़ रहे थे, वह भी घर आ गए। किचन गार्डन की देखभाल में मेरे पति और बच्चे भी साथ देते हैं। गार्डन में ही अपना सबसे ज्यादा समय बिताते हैं। मेरे गार्डन में मौसमी सब्जियां खूब लग रहीं हैं। खीरा, ककड़ी, खरबूजा के साथ पालक, प्याज आदि हो रही है।

Powered by Blogger.