REWA : बहला-फुसलाकर नाबालिग के साथ करता था बलात्कार, दो हजार का अर्थदंड सहित अब 11 साल की हुई उम्र कैद

ख़बरों के बेहतर एक्सपीरिएंस के लिए डाउनलोड करें Rewa News Media ऐप, क्लिक करें

रीवा. नाबालिग लडक़ी से दुराचार के आरोपी को विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) महिमा कछवाहा ने 11 साल उम्र कैद की सजा सुनवाई है। और दो हजार का अर्थदंड भी लगाया है। मनगवां थाना क्षेत्र के खोरिहन निवासी राजेश बढ़ाई (29) पिता रामगोपाल को नाबालिक बालिका को भगाकर उसके साथ बलात्कार करने के अपराध में दोषी पाए जाने पर विभिन्न धाराओं में 11 साल की सजा सुनाई गई है।

युवाओं का शोषण बंद करो : अब युवाओं को उनका हक दिलाने के लिए होगा संघर्ष, 9 अगस्त को कलेक्ट्रट धरना पर बुलंद की जाएगी आवाज

बहला-फुसलाकर बहेरा ग्राम ले गया

एडीपीओ कल्याण सिंह के मुताबिक 22 जुलाई 2016 में नाबालिक सुबह 11 शौच के लिए खेत मे अपनी छोटी बहन के साथ गई थी। तभी वहां आरोपी आया और पीडि़त नाबालिक को बहला-फुसलाकर बहेरा ग्राम ले गया। छोटी बहन ने आरोपी को रोकना चाहा तो आरोपी ने उसके साथ मारपीट की थी। छोटी बहन पूरे मामले की जानकारी घर आकर अपनी मां को दी। पीडि़त के पिता मनगवां में घटना की सूचना दी। पुलिस की पूछताछ में बताया गया कि आरोपी ने उसके साथ कई बार गलत काम किया है।

घुचियारी गांव पहुँचे विस अध्यक्ष : परिवार से भेंटकर बंधाया ढ़ाढस, ब्राहृण समाज ने 51 हजार रुपए का चेक मृतक की पत्नी को सौंपा

घटना के पांच-छह दिन बाद दोबारा घर पहुंचा

घटना के पांच-छह दिन बाद आरोपी पीडि़ता के घर दोबारा आया। पीडि़त ने जवाब दिया कि घर से चले जाओ नहीं तो मै अपने माता-पिता से बता दूंगी। तब आरोपी ने पीडिता को डरा-धमकाकर और शादी का प्रलोभन देकर अपनी जेब से पांच-छह की संख्या में गोली निकाल कर सब्जी में डाल दी। पीडिता ने गोलियों के बारे में पूछा तो आरोपी ने बताया कि नींद की गोलिया हैं। इसको खाने के बाद उसके माता-पिता सो जाएंगे। खाना खाने के बाद पीडि़ता के माता-पिता सो गए। तब आरोपी ने पीडि़ता के साथ बलात्कार किया।

तीसरी लहर को लेकर सावधान : देर शाम सीधी के बुजुर्ग ने संजय गांधी स्मृति हॉस्पिटल में तोडा दम : अस्पताल में हड़कंप

माता-पिता को खिला देता था नींद की गोलियां

अक्सर पीडि़ता के घर आता था और नींद की गोलिया उसके माता-पिता को खिलाकर पीडि़ता के साथ गलत काम करता था। पुलिस ने विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय मे पेश किया गया। सुनवाई के दौरान शासन की ओर से पैरवी कर रहे विशेष लोक अभियोजक रवीन्द्र सिंह के द्वारा मामले में प्रस्तुत किए गए साक्ष्यों एवं तर्को से सहमत होते होकर विशेष न्यायाधीश महिमा कछवाहा ने आरोपी को दंडित किा है।

Powered by Blogger.